यूरिन लीक होने की समस्या से हैं ग्रसित तो अपनाये ये उपाए

यूरिन लीक होने की समस्या अगर आप की डेली लाइफ में प्रॉब्लम क्रिएट कर रही है तो इस आर्टिकल में बताये गए उपाय अपनाये और इस समस्या से निजात पाए।

यूरिन लीक होने की समस्या से हैं ग्रसित तो अपनाये ये उपाए

फीचर्स डेस्क। एक ऐज के बाद या यू कहे की डिलीवरी के बाद अमूमन सभी महिलाये यूरिन लीक होने की समस्या से परेशान रहती है। ये प्रेगनेंसी के दौरान ब्लैडर पर लगातार पड़ने वाले प्रेशर की वजह से होता है। जिस से यूरिनरी ब्लैडर की यूरिन होल्ड करने की कैपेसिटी कम होती जाती है। ज्यादातर महिलाओं में ये कभी कभी होता है स्पेशली खासते ,छींकते या हॅसते समय पर कुछ केस में ये आम बात हो जाती है जो उनके लिए शेमफुल और असुविधाजनक  हो सकता है। इतना ही नहीं यह आपके दैनिक जीवन में हस्तक्षेप कर सकता है। अगर आप इसे दूर करने के नेचुरल तरीकों की तलाश कर रही हैं तो इस आर्टिकल में बताई एक्‍सरसाइज को अपनाकर आप खुद में बदलाव महसूस कर सकती हैं। यह एक्सरसाइज लक्षणों में सुधार करने और ब्‍लैडर पर कंट्रोल पाने में मदद कर सकती है।

 मेनोपॉज या डिलीवरी जैसे शारीरिक बदलावों  का रेपरकशन है ये प्रॉब्लम। यह समस्या आपके आत्म-सम्मान के साथ-साथ घर या ऑफिस पर सामान्य रूप से काम करने की आपकी क्षमता को प्रभावित कर सकती है। यह आपकी एक्टिविटी लेवल और एनर्जी को भी लो कर सकती है। कुछ फीमेलस में ये समस्या डिप्रेशन का रूप भी ले लेती है।  कई बार सेक्सुअल एक्टिविटी पर भी इसका असर पड़ता है। लेकिन परेशान होने की ज़रूरत नहीं है   कुछ सरल, गैर-सर्जिकल तरीके आपकी कंडीशन में सुधार कर  इस पर कंट्रोल हासिल कर सकती हैं। आज हम आपको कुछ एक्‍सरसाइज बता रहे हैं जो आप कभी भी, कहीं भी कर सकती हैं ये आपकी पेल्विक मसल्‍स को स्ट्रांग कर इस प्रॉब्लम को कण्ट्रोल करने में मदद करेगा।  

पेल्विक फ्लोर एक्‍सरसाइज

पेल्विक फ्लोर एक्सरसाइजेज को कीगल एक्सरसाइज भी कहते हैं। ये आपकी पेल्विक की मसल्स को मजबूत करने का काम करती है, रेगुलर प्रैक्टिस करने से यूरिनरी ब्‍लैडर की कैपेसिटी में भी बदलाव आ सकता है जिस से लीकेज रुकता है। शुरू में 10 रेपेटेशन के साथ २ सेट करे और धीरे धीरे एक्सरसाइज बढ़ाये।       

कैसे करें 
इसे करने के लिए सबसे पहले अपने घुटनों को मोड़ कर आराम की स्थिति में बैठ या लेट जाएं। 
अब आप पेल्विक मसल्‍स को टाइट करके कॉन्ट्रैक्ट करें। 
इसे 15 से 20 बार दोहराएं और 5 सेकंड के लिए होल्ड करें। 
धीरे-धीरे टाइमिंग बढ़ा कर 10 सेकंड कर दें। 
लेकिन ध्‍यान रहें कि कीगल एक्‍सरसाइज को हमेशा ब्‍लैडर को खाली करके ही करें। ऐसा नहीं करने से आपकी मसल्‍स कमजोर हो सकती है।

ग्लूट ब्रिज 

यह एक्‍सरसाइज जेनिटल और पेल्विक एरिया में  ब्लड सर्कुलेशन को बढ़ावा देने में मदद करती है और पेल्विक मसल्‍स को टोन भी करती है। इसका अभ्यास योग में भी किया जाता है और इसे ब्रिज पोज के नाम से जाना जाता है। यह एक्‍सरसाइज आपकी पीठ के निचले हिस्से और रीढ़ को भी मजबूत करती है और महिलाओं में पीरियड्स की ऐंठन को कम करती है।

कैसे करें 
इसे करने के लिए पीठ के बल घुटनों को मोड़कर, पैरों को हिप से दूरी बनाकर और पैरों को सीधा और हाथों को फर्श पर करके लेट जाएं। 
सांस छोड़ते हुए आप पेट को कॉन्ट्रैक्ट करते हुए अपनी ग्लूट यानी हिप्‍स की मसल्‍स को फर्श से ऊपर उठाएं। 
खुद को स्थिर करने के लिए अपनी एड़ी का इस्‍तेमाल करें। 
हिप्‍स को बहुत ज्‍यादा उठाने से बचें क्योंकि इससे आपकी पीठ बहुत ज्यादा झुक जाएगी।
इसको 5 बार रिपीट करें और 10 सेकंड के लिए होल्ड करें।  

जैसे ही आप अपने शरीर को शुरुआती स्थिति में लाएं तो सांस लें।

मालासन या गारलैंड पोज

रिसर्च के अनुसार यूरिन लीकेज से परेशान महिलाओं के लिए यह एक्‍सरसाइज काफी फायदेमंद हो सकती है। साधारण स्क्वाट पोज़ या मलासन आपके पेल्विक फ्लोर को मजबूत करने में मदद करती है।

कैसे करे - 
जितना हो सके अपने पैरों को वाइड ओपन करें और जमीन पर स्क्वाट करें।
थाइज को धीरे-धीरे फैलाएं और इन्‍हें शरीर की चौड़ाई से थोड़ा बाहर ले जाने का प्रयास करें। 
सांस छोड़ते हुए आगे झुकें जिससे धड़ थाइज के बीच में फिट हो जाए।
दोनों कोहनियां को इनर थाइज पर टिका दें और अब धड़ आराम से बाहर निकाल सकेगा। 
भीतरी थाइज को धड़ के बगल से दबाएं। बाहों को फैलाकर ऐसे घुमाएं कि पिंडली बगल में फिट हो जाए।
अब अपनी एड़ियों को पकड़ने की कोशिश करें। इस पोज को कुछ सेकंड तक रोककर रखें। 
सांस भीतर खींचते हुए आसन को विराम दें। 

अगर आप इस समस्या से ग्रसित हैं तो जिम में हाई इम्पैक्ट एक्सरसाइज करने से बचे ये आप की परेशानी को बढ़ा सकती है। बल्कि पेल्विक की मसल्स को स्ट्रेंथ करने वाली एक्सरसाइजेज पर ज्यादा फोकस करें।    

Image Credit - Freepick.com