ये सात उपाय आपके जोड़ो के दर्द से दिलायेगे रिलीफ, पढ़े एक्सपर्ट की राय !

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5th May, 2019, Edited by Neeraj tripathi

हेल्थ डेस्क। एक उम्र के बाद अक्सर शिकायते होती हैं कि जोड़ों एवं घुटनों में दर्द रहता है। दरअसल,  जोड़ यानी जॉइंट्स शरीर के ऐसे हिस्से होते हैं जहाँ दो या दो से ज्यादा हड्डियाँ मिलती हैं जैसे घुटने, कमर, गर्दन, कंधे आदि। जॉइंट पेन के यूँ तो अनेक कारण हो सकते हैं लेकिन इसके प्रमुख कारण हैं- उम्र बढ़ना, जोड़ो के कार्टिलेज घिस जाना, जॉइंट्स में चिकनाई की कमी, कैल्शियम एवं अन्य खनिज तत्वों की कमी, गठिया आदि सर्दियाँ आते ही जोड़ों और घुटने के दर्द की समस्या बढ़ जाती है, जिसे अक्सर लोग दर्द की गोली खाकर पीछा छुड़ाने का प्रयास करते हैं, लेकिन वे भूल जाते हैं कि दर्द की गोली के लीवर, किडनी और पेट पर कितने साइड इफेक्ट होते हैं। ऐसे में आयुर्वेद में कई नेचुरल एवं घरेलू उपाय घुटनों के दर्द, कमर दर्द आदि में बहुत फायदेमंद होते हैं। आज हमारे साथ है वाराणसी सिटी के डॉ. जे. बी. सिंह जो आपको जोड़ों के दर्द में बेहद कारगर 7 घरेलू उपाय बताएँगे।

अश्वगंधा एवं सोंठ पाउडर

इसके लिये 40 ग्राम नागौरी अश्वगंध पाउडर, 20 ग्राम सोंठ चूरण तथा 40 ग्राम की मात्रा में खाण्ड पाउडर लें। तीनों को मिक्स कर लें। जॉइंट पेन एवं घुटनों के दर्द में इस चूर्ण को 3-3 ग्राम मात्रा में सुबह शाम गर्म दूध के साथ लेने से जोडों के दर्द में और सूजन में बहुत अच्छा आराम मिलता है।

मेथी दाना  

मेथी दाना का जॉइंट पर असर दर्द की गोली की तरह Analgesic एवं anti inflammatory होता है। इसके लिये दाना मेथी का पाउडर आधा से एक चम्मच सुबह शाम खाने के बाद गर्म पानी से लें। दर्द में आराम मिलेगा।

लहसुन का दूध

इसके लिये 250 ग्राम दूध में 2-3 कली लहसुन की छील व कूट कर डाल दें। दूध को उबालें। सर्दियों में रात के समय इस दूध को पीने से जोड़ों की जकड़ाहट दूर होती है और दर्द एवं सूजन में आराम मिलता है। आयुर्वेद के अनुसार लहसुन वायु का नाश करता हैं जो की जोडों के दर्द का मुख्य कारण माना गया है।

हल्दी का दूध

हल्दी भी जोड़ों के दर्द व सूजन में बहुत गुणकारी होती हैं। इसके लिये 250 ग्राम दूध में चौथाई चम्मच हल्दी पाउडर डाल कर पीने से कुछ ही दिन में आपको बहुत आराम मिलता है।

रासनादि क्वाथ एवं एरंड तेल

रासनादि क्वाथ एवं कास्टर आयल जॉइंट पेन के लिये बहुत प्रसिद्ध दवा है। इसके लिये एक चम्मच रासनादि क्वाथ जो कि सूखा ही मार्केट में मिलता है को 200 एमएल पानी में डालकर उबालें। 50 एमएल पानी शेष रहने पर नीचे उतार कर छान लें। अब इस पानी में 20 एमएल मात्रा में कैस्ट्रोल आयल मिलायें। रात में गर्म गर्म पीयें। इससे जोड़ो के दर्द, सूजन, जकडाहट का नाश होता है, कब्ज दूर होती है, पेट में हल्का पन आता हैं, गैस खतम होती है और शरीर मे हल्कापन आता है।

मसाज एवं सेक

आयुर्वेद में जड़ी-बूटियों से बने तेल से मालिश करने के बहुत से फायदे बताये गये हैं इससे जोड़ो में चिकनाई आती है, जकड़ाहट दूर होती है, दर्द व सूजन में आराम मिलता है। इसके लिये 250 ग्राम सरसों के तेल को कढ़ाई में डाल कर गर्म करने के लिये गैस पर रखें। इसमें 8-10 कली लहसुन की छील कर डाल दें। गर्म तेल में एक एक चम्मच अजवायन, दानामेथी, सौंठ पाउडर भी डाल दें। जब सारा मसाला पक जाये तो पकने पर नीचे उतार लें ठन्डा होने पर किसी काँच की शीशी में डाल कर रख लें। सर्दियों में सुबह-सुबह की गुनगुनी धूप में इस तेल से घुटनों की मालिश करें या जिस भी जॉइंट में दर्द हो वहाँ मालिश करें।

एक्सरसाइज करें

फिजियोथेरेपिस्ट की राय से एक्सरसाइज करें या योगा शिक्षक से सीख कर योगा नियमित रूप से करें। इससे जॉइंट्स एक्टिव रहते हैं, जॉइंट्स की stiffness दूर होती है, pain में आराम मिलता है। इन उपायों के अलावा आयुर्वेद की दवा सिंहनाद गुग्गुलु , योगराज गुग्गुलु, पुनर्नवादि मंडूर, रसराज रस, वात विध्वंसन रस जैसी अनेक दवाएं तथा पञ्चकर्मा थैरेपी जैसे कटि बस्ति,जानु बस्ति, रक्त मोक्षण, लीच थेरिपी आदि भी बहुत फायदे मंद होती है।

कंटेंट सोर्स : डॉ.  जे.  बी.  सिंह, वाराणसी सिटी।